और जब लोग जागरुक होकर राजनीति व्यवस्था अर्थ व्यवस्था प्रशासनिक व्यवस्था को लेकर सरकार और सरकारी तंत्रों पर सवाल उठाते हैं , अपने मौलिक और कानूनी अधिकारों के लिए लड़ते हैं तो सरकार और उन लोगों को भी दिक्कत होती है जो अशिक्षित की वजह से इनका शोषण करते थे इसलिए सरकार और वो लोग जो लोगों में जानकारी के अभाव का फायदा उठाकर इलाके का नेता बने फिरते थे उन कारणों को खत्म करना चाहते हैं जिससे लोग घर बैठकर भी शिक्षित और जागरूक हो रहे हैं और उनमें वो शिक्षक आते हैं जो अपना मूल्यवान समय व अमूल्य ज्ञान लोगों को ऑनलाइन माध्यम से दे रहे हैं। इन शिक्षकों को कई तरीकों से बदनाम किया जा रहा है जैसे पूरे क्लास का छोटा क्लिप दिखाकर लोगों में इनके प्रति ईर्ष्या पैदा करना , शिक्षकों का जाति और उनका बैकग्राउंड आदि हथकंडे होते हैं।
जब higher studies की क्लास चलती है तो उनमें शिक्षक द्वारा कई प्रकार की बातें जैसे पृष्ठभूमि, शुरुवात, क्रमशः इतिहास , परिणाम, क्या चीजें अच्छी हुई और क्या बेहतर हो सकता था और उसके कई पहलुओं पर बात होती है जिससे सुनने वालों को चीजें समझ में आ जाए । क्लास लंबी हो तो थोड़ा बहुत हँसी मजाक आदि चीजें क्लास में होती हैं।
पूरे क्लास का कुछ हिस्सा देखकर शिक्षको को जज करना उनकी नियत पर शक करना बिल्कुल भी उचित नहीं है। इसलिए मुझे लगता है कि शिक्षकों को कुछ लोगों के द्वारा जो अनायास टारगेट किया जा रहा है उन से सतर्क रहें और जिन लोगों से बहिता फायदा हो शिक्षा मिल रही हो ज्ञान में वृद्धि हो रही हो जागरूक हो रहे हों उनकी कुछ चीजों को नजर अंदाज भी किया जा सकता है।
~Sudhanshu Gupta